तुर्की का सीरिया पर अटैक, IS के लिए जीवनदान?

इदलिब
उत्तरी सीरिया में तुर्की के हमले के बाद से इस्लामिक स्टेट के कई संदिग्ध आतंकी अस्थायी कैंप से भागने में सफल हो गए हैं। न्यूज एजेंसी एएफपी की रिपोर्ट में यह दावा किया गया है। हालांकि, तुर्की का कहना है कि कुर्दों को खत्म करने के लिए आक्रमण कर रहा है और इस अटैक के जरिए वह इलाके से कुर्दों को खत्म कर इसे सेफ जोन बना पाएगा। आईएस संदिग्धों की रिहाई के बाद से अब आतंकियों के सक्रिय होने की आशंका है।

IS के आतंकियों के फिर सक्रिय होने की आशंका
कुर्द प्रशासन का कहना है कि तुर्की की हवाई बमबारी की वजह से आईएस आतंकियों के 800 रिश्तेदार भाग निकलने में सफल रहे हैं। आतंकियों के रिश्तेदारों के भागने के बाद यह आशंका है कि आईएस के आतंकी एक बार फिर सक्रिय हो सकते हैं। इससे आईएस के खिलाफ जारी संघर्ष कमजोर पड़ सकता है। मार्च में इस इलाके को आतंकी संगठन से मुक्त करा लिया गया है।

पढ़ें: 12 हजार IS आतंकी कुर्दिश जेल में बंद
आईएस के 12,000 आतंकियों को कुर्दिश जेलों में बंद रखा गया है। कुर्दिश जेलों में सीरिया, इराक और दूसरे 54 देशों में आतंकियों को कैद रखा गया है। इसके साथ ही 12 हजार आईएस आतंकियों के रिश्तेदार 8,000 बच्चे और 4,000 महिलाओं को अलग-अलग अस्थायी कैंपों में रखा जाएगा। बता दें कि तुर्की और कुर्दों के बीच संघर्ष का इतिहास एक सदी से भी पुराना है। उत्तरी सीरिया में तुर्की ने हमला कर ऐलान किया है कि यहां से कुर्द लड़ाकों को खत्म कर इस क्षेत्र को सेफ जोन के तौर पर घोषित किया जाएगा।

पढ़ें :

तुर्की के हमले की अमेरिका समेत कई देशों ने की निंदा
रविवार को तुर्की का कुर्दों पर हमले का पांचवां दिन है। कुर्द नेतृत्ववाले सीरियन डेमोक्रैटिक फोर्सेज (एसडीएफ) के आतंकी संगठन से जुड़ने का आरोप तुर्की लगाता रहा है। इस ऑपरेशन को तुर्की ऑपरेशन पीस स्प्रिंग बता रहा है। तुर्की ने उत्तरी सीरिया में हमला अमेरिका द्वारा क्षेत्र से अपने सैनिकों को वापस बुलाए जाने की प्रक्रिया शुरू कर दिया है। कुर्दों पर तुर्की के इस आक्रमण की अमेरिका और फ्रांस,जर्मनी समेत कई अन्य देशों ने विरोध किया है।

तुर्की का उत्तरी सीरिया में कुर्दों पर हमला, क्या होगा प्रभाव
अमेरिका के उत्तरी सीरिया से अपनी सेना को वापस बुलाने के साथ ही तुर्की ने हमला शुरू कर दिया है। तुर्की के राष्ट्रपति रेचप तैयब एर्दोगान ने खुलकर कहा है कि उनका लक्ष्य उत्तरी सीरिया में कुर्द लड़ाकों को खत्म कर सेफ जोन घोषित करना है। तुर्की का कहना है कि इस इलाके में सीरिया के शरणार्थियों के लिए सुरक्षित जगह बनाई जा सकेगी।

Source: International

Leave a Reply