रांची : विधानसभा में अब चतुर्थ वर्गीय कर्मचारी प्रोन्नत होकर सचिव नहीं बन सकेंगे. विधानसभा सचिव के पद पर न्यायिक सेवा के अधिकारी ही पदस्थापित होंगे. राज्य सरकार ने विधानसभा नियुक्ति नियमावली के लिए इससे संबंधित अनुशंसा राज्यपाल से की है. सूत्रों के अनुसार राज्यपाल ने राज्य सरकार की अनुशंसा को स्वीकार कर लिया है.
सहायक से सचिव की प्रोन्नति पर आपत्ति : विधानसभा की ओर से भेजी गयी नियुक्ति नियमावली में अपर सचिव, संयुक्त सचिव को सचिव के पद पर प्रोन्नत करने की बात कही गयी है.  सचिव के पद के लिए ग्रेड-पे 10 हजार निर्धारित किया गया है. पर सरकार की ओर से भेजी गयी अनुशंसा में सहायक से सचिव के पद तक प्रोन्नति पर आपत्ति जतायी गयी है.

सरकार ने कहा है कि विधानसभा सचिवालय के सहायक और सरकार के सचिवालय के सहायक में प्रोन्नति में समानता होनी चाहिए. राज्य सरकार के सचिवालय सहायक सचिव के पद पर प्रोन्नत नहीं होते हैं. इसलिए विधानसभा सचिवालय के सहायक की प्रोन्नति भी सचिव के पद पर नहीं होनी चाहिए. विधानसभा में सचिव के पद पर न्यायिक सेवा के अधिकारी को पदस्थापित किया जाना चाहिए. सरकार ने न्यायिक सेवा के अधिकारी को पदस्थापित किये जाने तक विशेष परिस्थिति में काम चलाने के लिए विधानसभा सचिवालय के अपर या संयुक्त सचिव से प्रभारी सचिव का काम लेने की छूट देने की बात भी कही है. सरकार की इस अनुशंसा से अब विधानसभा में चतुर्थ वर्गीय कर्मचारियों का प्रोन्नत होकर सचिव बनना संभव नहीं होगा.