बालोद – नगरीय निकायों की सड़के जून 2018 तक एल.ई.डी बल्ब से जगमगाने लगेंगी। जिलेभर की सभी नगरीय निकायों में राज्य प्रवर्तित पंडित दीनदयाल उपाध्याय एल.ई.डी पथ-प्रकाश योजना लागू की जाएगी।
राज्य शासन द्वारा प्रदेश में विद्युत ऊर्जा की खपत एवं मासिक विद्युत व्यय में कमी लाने के उद्देश्य से ये योजना लागू की जा रही है। योजना के अंतर्गत नगरीय निकायों के सड़को पर एल.ई.डी बल्ब लगाए जाएंगे।
ज्ञात रहे की विद्युत ऊर्जा की खपत एवं मासिक विद्युत व्यय में कमी लाने चरणबद्ध तरीके से केंद्र और राज्य सरकार के योजना के तहत घरेलू बिजली उपभोक्ता एपीएल और बीपीएल परिवारों को भी एल.ई.डी बल्ब बांटे जा रहे है।
*नगरीय निकायों की मासिक विद्युत खपत में अपेक्षाकृत कमी और विद्युत ऊर्जा की खपत को कम करने वाली पंडित दीनदयाल उपाध्याय एल.ई.डी पथ-प्रकाश योजना के लिए जिला योजना समिति के सदस्य और पार्षद नितेश वर्मा राज्य के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह और नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के मंत्री अमर अग्रवाल का आभार व्यक्त किया है।*
सदस्य और पार्षद नितेश वर्मा ने बताया कि,इस योजना के अंतर्गत जिलेभर की समस्त नगरीय निकायों में सड़क प्रकाश व्यवस्था में लगाई गई परंपरागत लाइटों को एल.ई.डी लाइट में परिवर्तित किया जायेगा।

*हरीश चन्द्राकर(अध्यक्ष नगर पंचायत अर्जुन्दा)*-पारंपरिक प्रकाश स्रोतों की तुलना मे बहुत ही उन्नत एल.ई.डी बल्ब से सड़क प्रकाश व्यवस्था की योजना स्वागत योग्य है। एल.ई.डी बल्ब का लंबा जीवनकाल होता है और ऊर्जा की खपत कम होगी।

*कोमल सोनकर(अध्यक्ष नगर पंचायत गुंडरदेही)*-एक साधारण बल्ब औसतन केवल एक हजार घंटे तक ही चल पाता है जबकि एल.ई.डी बल्ब का करीब एक लाख घंटे का जीवनकाल होता है। एल.ई.डी पथ-प्रकाश योजना से होने वाले खर्चो में अपेक्षाकृत उल्लेखनीय कमी होगी।