रांची: संसदीय कार्य मंत्री सरयू राय ने कहा कि बालू संकट के लिए राज्य सरकार जिम्मेदार नहीं है. पर्यावरण को ध्यान में रखते हुए नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने इस पर रोक लगायी थी. एनजीटी ने 27 जुलाई को अपना आदेश वापस ले लिया है. अब बालू की किल्लत समाप्त होगी. श्री राय गुरुवार को विधानसभा में अनुपूरक बजट पर परिचर्चा के बाद सरकार की ओर से जवाब दे रहे थे.    उन्होंने कहा कि संविधान में अनुपूरक बजट लाने का प्रावधान है.
अगर बजट बनाने में योजनाएं छूट जाती हैं, तो उसे अनुपूरक बजट में शामिल किया जाता है. सरकार की ओर से 1987.74 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट लाया गया है. इसमें 998.60 करोड़ की राशि ऐसी है, जिसमें केंद्रीय योजनाओं के अनुपात के तौर पर सरकार को राशि देनी है. वहीं 136 करोड़ रुपये का प्रावधान खर्च की प्रतिपूर्ति के लिए किया गया है. झारखंड का वित्तीय प्रबंधन कारगर है. इसलिए विकास दर में झारखंड को देश में दूसरा स्थान मिला है. यहां की विकास दर 8.6 है. वहीं गुजरात की विकास दर 8.9 प्रतिशत है.