रायपुर:मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने सूखा प्रभावित तहसीलों के किसानों को भरोसा दिया है कि प्राकृतिक विपदा की इस घड़ी में राज्य सरकार हर कदम पर उनके साथ है। अधिकारियों को फसल क्षति का आंकलन जल्द करने के निर्देश दिए गए हैं।

प्रभावित किसानों को राजस्व पुस्तक परिपत्र (आरबीसी) 6-4 के प्रावधानों और प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का समुचित लाभ जल्द दिलाया जाएगा। डॉ. सिंह ने कहा-प्रारंभिक आंकलन के अनुसार राज्य की 50 से 60 तहसीलों पर इस बार मानसून की अल्पवर्षा का असर हुआ है।

मुख्यमंत्री आज जिला मुख्यालय बालोद में स्वच्छ पंचायत सम्मेलन का शुभारंभ करते हुए हजारों की संख्या में मौजूद किसानों, पंच-सरपंचों, ग्रामीणों और आम नागरिकों को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा-प्रदेश के 13 लाख से अधिक किसानों को सहकारी समितियों में वर्ष 2016 में खरीदे गए धान का बोनस इस वर्ष दीपावली से पहले दे दिया जाएगा।

लगभग 2100 करोड़ रूपए की बोनस राशि सीधे उनके खाते में जमा होगी। किसानों को 300 रूपए प्रति क्विंटल की दर से बोनस मिलेगा। मैं स्वयं बोनस वितरण के लिए बालोद आउंगा। स्वच्छ पंचायत सम्मेलन का उल्लेख करते हुए उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के स्वच्छ भारत मिशन में पंच-सरपंचों सहित सभी लोगों की सक्रिय भागीदारी का आव्हान किया।

मुख्यमंत्री ने बालोद जिले के विकास की चर्चा करते हुए कहा-यह एक नया जिला है। राज्य सरकार ने लगभग पांच साल पहले वर्ष 2012 में इसका गठन किया था। जिला बनने के बाद बालोद के हर क्षेत्र में जनसुविधाओं के विकास में काफी तेजी आई है। कलेक्टोरेट और पुलिस अधीक्षक कार्यालय सहित विभिन्न विभागों के 34 जिला स्तरीय कार्यालय अब यहां खुल चुके हैं।

डॉ. रमन सिंह ने स्वच्छ पंचायत सम्मेलन में बालोद जिले की जनता को लगभग 73 करोड़ 62 लाख रूपए के 59 निर्माण कार्यों की सौगात दी। उन्होंने इनमें से 28 करोड़ 29 लाख रूपए के 23 पूर्ण हो चुके निर्माण कार्यों का लोकार्पण और 44 करोड़ 93 लाख रूपए के 36 नये स्वीकृत निर्माण कार्यों का भूमिपूजन और शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री के हाथों लोकार्पित निर्माण कार्यों में सात करोड़ 84 लाख रूपए की लागत से निर्मित नवीन शासकीय जिला अस्पताल भवन और 12 करोड़ 71 लाख रूपए की लागत से निर्मित मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य केन्द्र भवन भी शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा-नया जिला बनने का एक बड़ा लाभ यह है कि बालोद में जनता को इस प्रकार की महत्वपूर्ण सुविधाएं जल्द मिलने लगी है। उन्होंने कहा कि जिले के पॉच ब्लाक मुख्यालयों में अधिकारियों के लिए आवास निर्माण, एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय भवन निर्माण, चिखलाकसा और अर्जुन्दा में जल आवर्द्धन येाजना आदि कार्यों का लोकार्पण-भूमिपूजन किया गया जो कि जिले के विकास को आगे बढ़ाएगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा शुरू की गई योजनाओं से छत्तीसगढ़ सहित पूरे देश में आम जनता के बीच विकास और विश्वास का एक नया वातावरण निर्मित हुआ है। देश का नव निर्माण हो रहा है। प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के जरिए बालोद जिले में चालीस हजार से ज्यादा गरीब परिवारों की महिलाओं को रसोई गैस कनेक्शन देकर लकड़ी और चूल्हे के धुॅए से मुक्ति दिलाई जा रही है। छत्तीसगढ़ में इस योजना के तहत 14 लाख से अधिक गरीब परिवारों को रसोई गैस कनेक्शन दिए जा चुके हैं। स्वच्छ भारत मिशन का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह एक जन आंदोलन बन गया है और दो अक्टूबर 2018 तक छत्तीसगढ़ राज्य खुले में शौचमुक्त हो जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री जी के आव्हान ‘‘संकल्प से सिद्धि‘‘ के तहत हम छत्तीसगढ़ के लिए कार्ययोजना बनाएंगे और उसके अनुसार वर्ष 2022 तक लक्ष्य पूरा करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा-सरस्वती सायकल योजना के तहत सायकल वितरण से बेटियों के चेहरे में खुशी आई है। अब हाईस्कूल और हायर सेकेण्डरी स्कूल जाने वाली बेटियों की उपस्थिति बढ़कर 97 प्रतिशत हो गई है।

नवीन जिला अस्पताल भवन सहित 73.62 करोड़ के निर्माण कार्यों की सौगात
मुख्यमंत्री ने बालोद जिले की जनता को 73.62 करोड़ रूपए से ज्यादा के 59 निर्माण कार्यों की सौगात दी। उन्होंने इनमें से 28 करोड़ 68 लाख 95 हजार रूपए लागत के 23 निर्माण कार्यों का लोकार्पण और 44 करोड़ 93 लाख 56 हजार रूपए लागत के 36 नए स्वीकृृत निर्माण कार्यों का भूमिपूजन और शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री डॉ. सिंह जिन कार्यों का लोकार्पण किया उसमें 12 करोड़ 71 लाख रूपए लागत के बालोद में 100 बिस्तर एम.सी.एच. विंग भवन, 7 करोड़ 84 लाख 46 हजार रूपए लागत के बालोद में 100 बिस्तर जिला चिकित्सालय भवन, तीन करोड़ 14 लाख 96 हजार रूपए लागत के अर्जुन्दा में जल आवर्द्धन योजना प्रदाय, दो करोड़ 95 लाख 13 हजार रूपए लागत के चिखलाकसा में जल आवर्द्धन योजना प्रदाय और 15 लाख रूपए के लागत गुण्डरदेही में सामुदायिक भवन निर्माण कार्य प्रमुख रूप से शामिल हैं।

मुख्यमंत्री ने जिन कार्यों का भूमिपूजन और शिलान्यास किया, उनमें 23 करोड़ 16 लाख रूपए लागत के पॉच ब्लाक मुख्यालयों में अधिकारियों के लिए आवास निर्माण, 16 करोड़ एक लाख रूपए लागत के एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय भवन, एक करोड़ 78 लाख 88 हजार रूपए लागत के बालोद में पोस्ट मैट्रिक आदिवासी कन्या छात्रावास भवन, एक करोड़ 78 लाख 88 हजार रूपए लागत के अर्जुन्दा में पोस्ट मैट्रिक आदिवासी कन्या छात्रावास भवन और 32.35 लाख रूपए लागत के ग्राम उरझे से दिघवाड़ी पहुॅच मार्ग निर्माण कार्य प्रमुख रूप से शामिल है।

महिलाओं को रसोई गैस कनेक्शन, बालिकाओं को साइकिल
डॉ. रमन सिंह ने कार्यक्रम में बालोद जिला प्रशासन द्वारा आयोजित विकास प्रदर्शनी के विभिन्न स्टालों में जाकर संबंधित विभागों की विकास गतिविधियों को देखा। उन्होंने इन स्टालों में और मंच से शासन की विभिन्न योजनाओं के तहत लगभग तीन सौ हितग्राहियों को अनुदान सामग्री और चेक प्रदान कर शुभकामनाएं दी। डॉ. सिंह ने प्रधानमंत्री उज्जवला योजना के तहत 100 महिलाओं को रसोई गैस कनेक्शन, सरस्वती सायकल योजना के तहत 133 बालिकाओं को निःशुल्क साइकिल और 22 छात्र-छात्राओं को मेरिट प्रोत्साहन राशि का वितरण किया। उन्होंने दो गरीब परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना के चेक, तीन हितग्राहियों को विश्वकर्मा दुर्घटना मृृत्यु अनुग्रह राशि का चेक, दो हितग्राहियों को कृृषि यंत्र रोटावेटर, दो हितग्राहियों को मुख्यमंत्री बाल मधुमेह सुरक्षा येाजना का मेडीसिन कीट, डेयरी उद्यमता विकास योजना के तहत दो हितग्राहियों को चेक, पांच हितग्राहियों को राजमाता विजयाराजे कन्या विवाह योजना का चेक दिया।

पंचायत और ग्रामीण विकास तथा स्वास्थ्य मंत्री श्री अजय चंद्राकर और लोकसभा सांसद श्री विक्रम उसेण्डी ने भी सम्मेलन को संबोधित किया। कलेक्टर डॉ. सारांश मित्तर ने प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। सम्मेलन में महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री श्रीमती रमशीला साहू, छत्तीसगढ़ राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग के अध्यक्ष श्री जी.आर.राना, बालोद के विधायक श्री भैय्याराम सिन्हा, गुण्डरदेही के विधायक श्री राजेन्द्र राय, राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के सदस्य श्री यशवंत जैन, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री देवलाल ठाकुर, नगर पालिका परिषद बालोद के अध्यक्ष श्री विकास चोपड़ा, पूर्व विधायक श्री प्रीतम साहू, श्री विरेन्द्र साहू, श्री लाल महेन्द्र सिंह टेकाम, श्रीमती कुमारी साहू सहित अनेक वरिष्ठ जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।